
सरकारी स्कूलों की कक्षावधि में बदलाव जरूरी : कुणाल दास…
सरायकेला Sanjay। भीषण गर्मी और उमस के बीच नौनिहालों के स्वास्थ्य को देखते हुए राज्य के सरकारी स्कूलों की कक्षावधि में बदलाव होना ज़रूरी है। उक्त बातें पारा शिक्षक-गैर पारा जेटेट सफल अभ्यर्थी संघ झारखण्ड के प्रदेश अध्यक्ष कुणाल दास ने मंगलवार को एक प्रेसवार्ता के दौरान कहीं। उन्होंने कहा कि जिस प्रकार से वीभत्स गर्मी पड़ रही है, सरकारी स्कूलों की कक्षावधि पर सरकार को पुनर्विचार करने की आवश्यकता है। वर्तमान में सुबह सात बजे से दोपहर दो बजे तक सरकारी स्कूलों में पठन-पाठन का कार्य संचालित हो रहा है।

सुबह 11 बजे के बाद से ही जिस प्रकार से गर्म हवाएं और तपिश पड़ रही हैं, उससे छोटे-छोटे बच्चों का विद्यालय में रहना दूभर हो रहा है। राज्य भर से बच्चों के बेहोश होने, लू लगने और नाक से खून निकलने जैसी घटनाओं की खबरें आ रही हैं। ऐसे में स्कूली शिक्षा एवं साक्षरता सचिव महोदय का स्कूलों के समयावधि में परिवर्तन नहीं करने संबंधी बयान काफ़ी गैरजिम्मेदाराना है।
वातानुकूलित कमरे में बैठ कर ऐसे निर्णय लेने से पूर्व अधिकारियों को सरकारी स्कूलों की वास्तविक परिस्थितियों को ध्यान में रखना चाहिए। श्री दास ने मीडिया के माध्यम से संघ की ओर से सरकार से आग्रह किया है कि सरकारी स्कूलों की कक्षावधि सुबह 6:30 से 11:30 बजे तक निर्धारित किया जाय।

