Videos

Prev 1 of 79 Next
Prev 1 of 79 Next

कोयलांचल

  • डुमुरिया ; विश्व आदिवासी दिवस पर सांस्कृतिक पहचान बचाने का आह्वान
    डुमुरिया ; विश्व आदिवासी दिवस पर सांस्कृतिक पहचान बचाने का आह्वान

    डुमुरिया : विश्व आदिवासी दिवस पर सांस्कृतिक पहचान बचाने का आह्वान

    रिपोर्ट : प्रभाकर कुमार 

    Advertisements
    Advertisements

    झोराडीह, 9 अगस्त, : विश्व आदिवासी दिवस के अवसर पर रविवार को ऑल इंडिया सरना धर्म चेमेद आसड़ा झोराडीह के तत्वावधान में कार्यक्रम आयोजित कर आदिवासी समाज की प्राकृतिक एवं सांस्कृतिक पहचान को बचाने पर जोर दिया गया। कार्यक्रम में आदिवासी समाज के लोगों ने पारंपरिक रीति.रिवाजए पूजा.पद्धति और संस्कृति को संरक्षित रखने का संकल्प लिया।

    कार्यक्रम को संबोधित करते हुए ऑल इंडिया सरना धर्म चेमेद आसड़ा की अध्यक्ष हीरामुनी मुर्मू ने कहा कि आदिवासियों की प्राकृतिक पहचान धीरे.धीरे लुप्त होने के कगार पर है। इस डिजिटल युग में लोग तेजी से आधुनिक जीवनशैली की ओर बढ़ रहे हैंए जिसके कारण पारंपरिक तौर.तरीके और संस्कृति पीछे छूटती जा रही है। उन्होंने कहा कि पहले गांवों में आदिवासी समाज अपनी परंपराओं के अनुसार चावल तैयार करता थाए खाना पकाता था तथा लकड़ी आदि के पारंपरिक साधनों का उपयोग करता था। विवाह समारोह में भी पारंपरिक वाद्ययंत्रों के साथ नृत्य किया जाता था। आज इन परंपराओं का स्थान आधुनिक साधनों ने ले लिया है।

    उन्होंने कहा कि आदिवासी समाज की पहचान केवल पहनावे या भाषा तक सीमित नहीं हैए बल्कि उसकी जड़ें प्रकृतिए परंपराओंए पूजा.पद्धति और सामुदायिक जीवन में हैं। इसलिए नई पीढ़ी को अपनी संस्कृति और परंपराओं से जोड़ना जरूरी है।

    कार्यक्रम में सचिव कान्हु राम टुडू ने भी आदिवासी समाज के पूजा स्थलों के संरक्षण पर चिंता व्यक्त की। उन्होंने कहा कि कई गांवों में आदिवासियों के पारंपरिक पूजा स्थलए जैसे जाहेरगाड़ए धीरे.धीरे लुप्त होने की स्थिति में हैं। इन पूजा स्थलों से आदिवासी समाज की धार्मिक और सांस्कृतिक पहचान जुड़ी हुई है। उन्होंने कहा कि पारंपरिक पूजा.पद्धति और नियमों को आने वाली पीढ़ियों तक पहुंचाने के लिए समाज के सभी लोगों को मिलकर प्रयास करना चाहिए।

    वक्ताओं ने कहा कि विश्व आदिवासी दिवस केवल एक दिन उत्सव मनाने का अवसर नहींए बल्कि अपनी भाषाए संस्कृतिए परंपराए पूजा स्थल और प्राकृतिक जीवन.पद्धति को बचाने का संकल्प लेने का दिन है। कार्यक्रम में आदिवासी संस्कृति के संरक्षण के लिए सामूहिक प्रयास करने पर बल दिया गया। इस अवसर पर मुख्यरूप से बुढ़ान सरेन, निड़ो मुनी मुर्मू, उकिल मुर्मू, सुकेन हांसदा, जगेश्वर सरेन, भानुमती मुर्मू सहित कई गणमान्य लोग उपस्थित थे।

कोल्हान

  • बहरागोड़ा में स्वतंत्रता दिवस पर होगा राष्ट्रभक्ति का महाकुंभ, भाजपा नेता राहुल सारंगी के नेतृत्व में निकलेगी तिरंगा बाइक रैली

    बहरागोड़ा में स्वतंत्रता दिवस पर होगा राष्ट्रभक्ति का महाकुंभ, भाजपा नेता राहुल सारंगी के नेतृत्व में निकलेगी तिरंगा बाइक रैली

    संवाददाता: विश्वकर्मा सिंह
    15 अगस्त स्वतंत्रता दिवस के अवसर पर पूर्वी सिंहभूम जिले में राष्ट्रभक्ति का माहौल बनाने की तैयारी जोर-शोर से चल रही है. भाजपा द्वारा आयोजित विभिन्न कार्यक्रमों को भव्य और ऐतिहासिक बनाने को लेकर संगठन स्तर पर तैयारियां तेज कर दी गई हैं. इसी क्रम में भाजपा नेता राहुल सारंगी ने ग्रामीण जिलाध्यक्ष सत्या तिवारी से मुलाकात कर कार्यक्रमों की रणनीति पर चर्चा की.

    Advertisements
    Advertisements

    बैठक में 15 अगस्त को बहरागोड़ा में प्रस्तावित विशाल तिरंगा बाइक रैली को अभूतपूर्व बनाने पर विस्तृत विचार-विमर्श हुआ. जिलाध्यक्ष सत्या तिवारी के नेतृत्व में आयोजित होने वाली इस रैली के माध्यम से क्षेत्र में राष्ट्रभक्ति और एकता का संदेश देने का संकल्प लिया गया.

    जेसी हाई स्कूल के 1100 विद्यार्थियों को मिलेगा तिरंगा और मिठाई

    स्वतंत्रता दिवस की पूर्व संध्या 14 अगस्त को घाटशिला स्थित जेसी हाई स्कूल में विशेष कार्यक्रम आयोजित किया जाएगा. भाजपा नेता राहुल सारंगी ने विद्यालय प्रबंध समिति के अध्यक्ष तापस चटर्जी एवं विद्यालय के प्राचार्य से मुलाकात कर कार्यक्रम की रूपरेखा पर चर्चा की. इस दौरान लगभग 1100 छात्र-छात्राओं के बीच राष्ट्रीय ध्वज तिरंगा और मिठाई का वितरण किया जाएगा.

    राहुल सारंगी ने कहा, “हर घर तिरंगा अभियान को जन-जन तक पहुंचाना और युवा पीढ़ी में देशभक्ति का जज्बा जगाना हमारा मुख्य उद्देश्य है. 15 अगस्त की तिरंगा बाइक रैली में क्षेत्र के सभी नागरिक और युवा बढ़-चढ़कर हिस्सा लें.”

    ग्रामीण क्षेत्रों में कार्यकर्ताओं में उत्साह

    राहुल सारंगी ने बताया कि विगत वर्षों की तरह इस वर्ष भी बहरागोड़ा की सड़कों पर सैकड़ों बाइक सवारों के साथ विशाल तिरंगा बाइक रैली निकाली जाएगी. रैली को लेकर ग्रामीण क्षेत्रों के कार्यकर्ताओं और आम लोगों में खासा उत्साह है. उन्होंने कहा कि ‘हर घर तिरंगा’ अभियान को जन-आंदोलन का रूप देने के लिए कार्यकर्ता गांव-गांव तक पहुंच रहे हैं. नेताओं ने आम जनता से स्वतंत्रता दिवस के इस राष्ट्रीय उत्सव में बढ़-चढ़कर भाग लेने और तिरंगे के सम्मान में एकजुट होने की अपील की.

संथाल

Advertisement

स्वास्थ्य

Advertisement

Posts List