
इंडिया गठबंधन की उम्मीदवार यशस्विनी सहाय टिकट मिलने के बाद पिता का हाथ थमें ईचागढ़ की घरती से चुनाव प्रचार का किया शुभारंभ, कहा की आम जनता मोदी के जुमलों से छुटकरा पाना चाहती हैं…
न्यूज डेस्क (सुदेश कुमार) इंडिया गठबंधन ने रविवार को अपना उम्मीदवार की घोषण कुल 13 सीटो पर नाम की घोषण कर दिया है । जहां गोड्डा सीट पर घोषित उम्मीदवर का नाम काट कर प्रदीप यादव को उम्मीदवार बनाया वही रांची लोक सभा में चल रहे अटकलों के बीच युवा महिला यशस्विनी सहाय को टिकट देकर कांग्रेस पार्टी अपना पासा ही बदल दिया ।

रांची लोकसभा क्षेत्र के इंडिया गठबंधन की उम्मीदवार यशस्विनी सहाय टिकट मिलने के बाद सोमवार को ईचागढ़ विधानसभा क्षेत्र के दौरे पर पहुंची. बता दे की कांग्रेस पार्टी ने रविवार को ही रांची संसदीय क्षेत्र के लिए यशस्विनी सहाय नाम की घोषणा उम्मीदवार के रूप में किया था. रांची सीट से उम्मीदवार घोषित के दूसरे दिन ही अपने पिता सह पूर्व केंद्रीय मंत्री सुबोधकांत सहाय के साथ ईचागढ़ प्रखंड के विभिन्न क्षेत्रों का तूफानी दौरा किया
इस दौरान उन्होंने लोगों से मुलाकात कर अपनी भावी योजनाओं के बारे में बताया और समर्थन मांगा. लोगों से मिलने के दौरान उन्होंने केंद्र की नरेंद्र मोदी सरकार के कार्यकाल में बेरोजगार युवाओं की समस्या. महिलाओं के साथ हो रही अन्याय. अत्यचार और कमर तोड़ मंहगाई जैसे मुद्दों पर अपनी बातों को रखा.
इंडिया गठबंधन की साझा प्रत्याशी यशस्विनी सहाय ने सोमवार को दिऊड़ी मंदिर में मां दुर्गा की पूजा.अर्चना करने के बाद ईचागढ के घरती से अपना प्रचार अभियान शुरू किया, सबसे पहले ईचागढ़ विधानसभा क्षेत्र के टीकर पहुंची. टीकर में भगवान गणेश जी की पूजा.अर्चना करने के बाद चुनाव.प्रचार अभियान का श्रीगणेश किया. इस दौरान उन्होंने कहा कि पिछले दस साल से देश की जनता मोदी सरकार का दंश झेल रही है. अब आम जनता मोदी के जुमलों से छुटकरा पाना चाहती हैं. कांग्रेस की सरकारों ने जनता के लिए जो सुविधाएं दी है. उनका एक प्रतिशत भी मोदी सरकार नहीं दे सकी है…..
मोदी सरकार सिर्फ प्रचार करने में ही कांग्रेस की सरकार से आगे है. उन्होंने सोमवार को टीकर में लोगों से मिलने और चर्चा करने के बाद चिपड़ी में ग्रामीणों से बात की. इस दौरान चिपड़ी में महिलाओं ने उनका जोरदार अभिनंदन किया. यशस्विनी सहाय ने मिलन चौक में भी प्रचार अभियान चलाया. इस दौरान उनके पिता व पूर्व कंंद्रीय मंत्री सुबोधकांत सहाय भी साथ थे.

