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सिल्ली सरना समिति के द्वारा सरहुल पर्व धूमधाम से मनाया गया…

सिल्ली (कमलेश दुबे)  :-सिल्ली प्रखंड अंतर्गत लुपुग मैदान सिल्ली में सरहुल महोत्सव को बड़े धूमधाम से मनाया गया। मुख्य अतिथि के रूप में झामुमो के रांची जिला उपाध्यक्ष सह सिल्ली विधानसभा प्रभारी रामानंद बेदिया उपस्थित रहे। उन्होंने बताया कि सरहुल पर्व आदिवासी प्रतीकात्मक रूप से नए साल का सूचक मानते हैं और पर्व को बड़े ही धूमधाम से मनाते हैं सरहुल आदिवासियों का त्योहार में से एक है आदिवासी समुदाय के लोग इस पर्व को इतना महत्वपूर्ण मानते हैं कि अपने सारे शुभ कार्य की शुरुआत इसी दिन से करते हैं।

आदिवासियों की सरलता और प्रकृति के प्रति अनोखा प्रेम इसकी झलक इनकी परंपरा में देखने को मिलती है जो किसी और सभ्यता संस्कृति में देखने को नहीं मिलती यही कारण है कि आदिवासियों को प्रकृति का पूजा कहा जाता है। आदिवासियों का त्योहार सरहुल को लेकर गांव के पाहन विशेष अनुष्ठान करते हैं जिसमें ग्राम देवता की पूजा की जाती है और कामना की जाती है कि आने वाले साल अच्छा हो इसी क्रम में पाहन सरना स्थल में मिट्टी के घड़े में पानी रखते हैं पानी के स्तर से ही आने वाले साल में बारिश का अनुमान लगाया जाता है पूजा समाप्त होने के दूसरे दिन गांव के पाहन घर घर जाकर फूलखोसी करते हैं ताकि उस घर और समाज में खुशी बनी रहे।

झारखंड में सरहुल महापर्व बहुत ही बड़े स्तर पर मनाया जाता है जिसमें राज्य के विभिन्न हिस्सों में बसने वाले आदिवासी समाज के लोग बड़े ही उत्साह के साथ भाग लेते हैं। इस दौरान पूजा के बाद शोभायात्रा में विभिन्न टोला मोहल्ला से जुलूस निकाले जाते हैं जिसमें आदिवासियों की सभ्यता और संस्कृति को झांकियों में दर्शाया जाता है। इस मौके पर लुपुंग पंचायत मुखिया सीमा गंझु,पूर्व प्रखंड प्रमुख कमल नाथ माझी, सिल्ली पंचायत मुखिया भरत मुंडा, बंसारूली पंचायत मुखिया लालू राम उरांव,शंकर उरांव,अजय लोहार,मंगला मुंडा,ललिन मुंडा, रेशमी कुमारी,रवि मुंडा, सोमरा माझी, रेखा मुंडा जितनी देवी शर्मिला कुमारी, गोंदुरा उरांव,रेणु मिंज,विमल मिंज, बासुदेव मुंडा,मेधनाध मुंडा समेत सैकड़ों लोग मौजूद थे।

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