
हाता माताजी आश्रम में सीताराम हॉस्पिटल के द्वारा निःशुल्क चिकित्सा शिविर का आयोजन

संवाददाता : अभिजीत सेन
जामशेदपुर/ पोटका । पोटका के हाता स्थित माताजी आश्रम में सीताराम हॉस्पिटल कुदादा की ओर से एक दिवसीय निःशुल्क चिकित्सा शिविर का आयोजन किया गया । जिसमें मुख्य अतिथि के रूप में पूर्व सिविल सर्ज़ेन डाक्टर अरविंद कुमार लाल, सम्मानीय अतिथि के रूप में पूर्व विधायक मेनका सरदार, बिशिष्ट अतिथि के रूप में, जिला परिषद सुरज मण्डल, मुखिया देवी कुमारी भूमिज, पूर्व जिला परिषद सह समाजसेवी करुणामय मण्डल, साहित्यकार, समाजसेवी सह आश्रम के संचालक सुनील कुमार दें, शिक्षाविद विश्वामित्र खांडायेत आदि उपस्थित थे। डाक्टर अरविंद कुमार लाल और मेनका सरदार ने संयुक्त रूप से धुप द्वीप प्रज्वलित कर शिविर का उद्घाटन किया।बही सीताराम हॉस्पिटल के लसंस्थापक डाक्टर सूरज कुमार मुर्मू ने हॉस्पिटल खुलने के उद्देश्य पर प्रकाश डालते हुए कहाँ मै अपनें पिता के स्मृति में चिकित्सा के माध्यम से समाज सेवा करने के लिए हॉस्पिटल चला रहा हूं । पूर्व विधायक मेनका सरदार ने कहाँ माताजी आश्रम आज भक्ति और सेवा का केंद्र बन चूका है। आश्रम में सालो भर ज्ञान, भक्ति और समाज सेवा का काम हो रहा है। निःशुल्क चिकित्सा शिविर का माताजी आश्रम में आयोजन करने के लिए मै सीताराम हॉस्पिटल को धन्यवाद दे रही हूं। डाक्टर अरविंद कुमार लाल ने कहाँ अपने बारे में दुनिया में सब कोई सोचते है और करते है लेकिन दूसरों के बारे में कम लोग सोचते है और करते है। सीताराम हॉस्पिटल सेवा भावना लेकर काम कर रहा है इसलिए मै डाक्टर मुर्मू को बधाई और धन्यवाद देता । शिविर को सफल बनाने में डाक्टर सुरज कुमार मुर्मू के अलावे डाक्टर सुजीत कुमार मुर्मू, डाक्टर प्रतिभा सोरेन, डाक्टर बिकाश माझी, डाक्टर प्रहलाद चौहान से साथ साथ नामसी सामाद, सीमा मुर्मू, बासंती मुर्मू, लालमोहन माहली, सुभानकर महतो, सुबीर मण्डल, सुधांशु ठाकुर का महत्वपूर्ण योगदान रहा।इस शिविर के आयोजन में प्रदीप मण्डल का बहुत बड़ा योगदान रहा। इस दौरान माताजी आश्रम की ओर से कमल कांति घोष, तरुण दे, निवारण मुदी, तपन मण्डल, मिथुन साहू, मोहितोष मण्डल, रामकृष्ण सरदार, तारा पद गोप, मधुसूदन भट्टचार्ज, तनुश्री साहू, रघुनन्दन बनर्जी, साधना बनर्जी, कमलेश मिश्रा, हेम चंद्र पात्र, महेश बियानी, निर्मल दास, नरेंद्र कर, मृणाल पाल, दुलाल मुखर्जी, कृष्ण पद मण्डल आदि उपस्थित रहे।
Related posts:

