
कुड़मी समाज के सम्मेलन में उमड़ा जनसैलाब, पुस्तक “असम में कुड़मालि भाषा और संस्कृति की वर्तमान स्थिति” का विमोचन किया गया…
चांडिल (विद्युत महतो) चांडिल अनुमंडल के कुकड़ु प्रखंड क्षेत्र के दारुदा मोड़ में आदिबासि कुड़मि समाज, कुकड़ु प्रखंड स्तरीय एक दिवसीय बिराट प्रखंड सम्मेलन का आयोजन किया गया। इसकी अध्यक्षता प्रखंड अध्यक्ष डॉ० विभीषण महतो और संचालन जिला सदस्य पंचानन महतो ने किया। इस अवसर पर असम निवासी एसआरसीएमयू झाड़ग्राम के कुड़मालि शिक्षक श्री सुरेश कुड़मि द्वारा आकुस के तत्वावधान में लिखित पुस्तक “असम में कुड़मालि भाषा और संस्कृति की वर्तमान स्थिति” का विमोचन किया गया।


मौके पर मुख्य वक्ता के रूप में उपस्थित केंद्रीय अध्यक्ष प्रसेनजीत महतो ने कहा कि इतिहास में छलपूर्वक हमें हमारे नैसर्गिक और संवैधानिक अधिकारों से वंचित किया गया है जिसके लिए हमें वैचारिक रूप से एकजुट और सजग होकर लड़ने की आवश्यकता है। हम “कुड़मि” जन समुदाय इस राज्य के ही नहीं इस देश के भी आदि बोसकोइता आदिबासि समुदाय हैं। हमारी मातृभाषा “कुड़मालि”, संस्कृति कृषि और प्रकृति आधारित “बारह महीने के तेरह परब”, परंपरा “कुड़मालि नेगाचारि”, सामाजिक स्वशासन व्यवस्था “महतो-परगनैत”, विशिष्ट प्रथागत नियम और प्रकृति धर्म “सारना” है। उन्होंने कहा कि हम कुड़मालि भाषा को मर्यादा दिलाने के लिए, संस्कृति और परंपरा के संरक्षण और संवर्धन के लिए एवं कुड़मि जनसमुदाय को उसका मूल जनजातीय परिचय वापस दिलाने के लिए निरंतर संघर्षरत हैं। आप सभी के यथोचित सहयेग और साथ से ही हम अपने मुहिम में सफल हो पाएंगे।
कार्यक्रम को केंद्रीय सलाहकार डॉ० सुधांशु शेखर महतो, प्रो० पुलकेश्वर महतो, असम के सुरेश कुड़मि, प० बंगाल प्रदेश संयोजक बादल महतो, सरायकेला-खरसावां जिलाध्यक्ष मनोज महतो, पूर्वी सिंहभूम जिला सचिव प्रकाश महतो आदि ने भी संबोधित किया। कार्यक्रम में मुख्य रूप से केंद्रीय सचिव बैजनाथ महतो, केंद्रीय उपाध्यक्ष निरंजन महतो व चंद्रमोहन महतो, झारखंड प्रदेश सदस्य निवारण महतो, पूर्वी सिंहभूम जिलाध्यक्ष सुधांशु महतो, प० मेदिनीपुर जिलाध्यक्ष अजीत महतो, रामगढ़ मीडिया प्रभारी राजीव महतो, सोनाहातु से अर्जुन महतो आदि अनेकों पदाधिकारीगण और सदस्यों के अलावे हजारों की संख्या में समाज के महिला-पुरुष उपस्थित थे। कार्यक्रम को सफल बनाने में शशिभूषण महतो, धनंजय महतो, गुरुपदो महतो, विश्वनाथ महतो आदि कमेटी सदस्यों का विशेष योगदान रहा। अंत में प्रखंड कमेटी का विस्तारीकरण करते हुए सर्वसम्मति से जितेन्द्र महतो को संयुक्त कोषाध्यक्ष मनोनीत किया गया। भक्ति महतो झुमइर दँहगि के सांस्कृतिक झलक ने सबका मन मोहा।
Related posts:

