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चालियामा के 10 वर्षीय मासूम बिट्टू खंडवाल की हत्याकाण्ड का हुआ खुलासा ।बिट्टू हत्याकांड का आरोपी बाप बेटा गिरफ्तार । भेजा गया जेल ।राजनगर पुलिस ने 48 घंटे के अंदर किया मामले का उद्भेदन।

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राजनगर :शनिवार को चालियामा के 10 वर्षीय मासूम बालक बिट्टू खंडवाल हत्याकांड का राजनगर पुलिस ने 48 घन्टे के अंदर खुलासा करते हुए हत्याकांड में शामिल दो अभियुक्तों को गिरफ्तार कर जेल भेज दिया।जिसमे से मुख्य आरोपी एक नाबालिग युवक है और शव को ठिकाने लगाने वाला उसका पिता चंपक मंडल है।आरोपी बाप बेटा दोनों को राजनगर पुलिस ने अनुसधान के क्रम में पकड़ा।और शनिवार को न्यायिक हिरासत में जेल भेज दिया।घटना के सम्बंध में थाना प्रभारी चंदन कुमार ने पत्रकारों को जानकारी देते कहा कि  11 जुलाई को  10 वर्षीय मासूम बिट्टू खंडवाल चालियामा गाँव से लापता हो गया था।जिसकी गुमसुदगी की रिपोर्ट 13 जुलाई को बिट्टू खंडवाल के पिता स्वपन खंडवाल ने राजनगर थाना में लिखित शिकायत दर्ज करवाया था।और 13 जुलाई की शाम बिट्टू खंडवाल के शव को  पुलिस ने चालियामा गांव के डूंगरी के समीप झाड़ियों से बरामद किया था।इस सम्बंध में एफआईआर दर्ज की गई थी।और इस मामले को खंगालने में दिन रात जुट गई।और सफलता मिली तो पता चला कांड का  मुख्य आरोपी  एक 15 वर्षीय नाबालिग है। जिसने 10 वर्षीय बालक के साथ अप्राकृतिक यौन संबंध स्थापित कर उसकी हत्या कर दी थी।वहीं  आरोपी के पिता चंपक मंडल ने यह सब देख अपने बच्चे के इस जुर्म को छुपाने के लिए शव को ठिकाने लगा दिया था।और तीन दिनों तक चुप्पी साधे रहे।वहीं राजनगर पुलिस के लिए यह मामला काफी पेचीदा था।परंतु इस मामले में गंभीरता दिखाते हुए शक के आधार पर पहले मुख्य आरोपी के पिता को कस्टडी में लिया।और पूछताछ के क्रम पता चला की इस घटना को अंजाम देनेवाला उसका अपना बेटा है।और वह भी नाबालिग ही है।तब उसके बेटे की तलाश शुरू कर दी गई।वहीं राजनगर पुलिस ने ततपरता और बुद्धिमत्ता दिखाते हुए शुक्रवार को इस घटना को अंजाम देने वाला मुख्य आरोपी नाबालिग अभियुक्त को भी ग्रिफ्तार कर लिया।जहां पुलिस के समक्ष बाप बेटे ने अपना जुर्म कबूल भी कर लिया।वहीं आरोपी बाप बेटे ने एक और व्यक्ति के यानी उसके चाचा के शामिल होने की बात कही थी।जिस कारण पुलिस उसके चाचा को भी थाने लाकर पूछ ताछ की ।लेकिन अनुसंधान में गलत पाया गया।क्योंकि आरोपी ने जिस व्यक्ति नाम लिया था।वह जानबूझकर उसे बेवजह फसाने की कोशिश कर रहा था।जिसे बाप बेटे ने काबुल भी किया।जिसके बाद उसके चाचा को छोड़ दिया गया।और घटना के मुख्य आरोपी बाप-बेटे को न्यायिक हिरासत में दे दिया गया। और सारा मामला साफ हो गया।

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