सरायकेला। राज पैलेस में उत्कलमणि पंडित गोपबंधु दास की जयंती मनाई गई। इस अवसर पर सरायकेला राजा प्रताप आदित्य सिंहदेव ने पंडित गोपबंधु दास की फोटो पर माल्यार्पण कर कार्यक्रम की शुरुआत की। मौके पर अपने संबोधन में उन्होंने गोपाबंधु दास को उड़िया भाषा संस्कृति के संरक्षक तथा गरीबों की मसीहा बताया। उन्होंने कहा कि उत्कलमणि गोपबंधु दास को उड़िया भाषा संस्कृति काफी प्रेम था। भाषा एवं संस्कृति की रक्षा के लिए वे सदैव तत्पर रहते थे।कार्यक्रम में शिक्षाविद निलांबर सिंहदेव, भोला महांती ,सुमन धीर सामंत, रितेश सिंहदेव, गणेश सिंहदेव ,अविनाश सिंहदेव, अभिजीत सिंहदेव, आकाश महापात्र ,विशाल कर, पवन कबि, मुन्ना महांती एवं अन्य गणमान्य लोग उपस्थित रहे।
इसके साथ ही उत्कलमणि आदर्श पाठागार की ओर से पंडित गोपबंधु दास की जयंती मनाते हुए श्रद्धा भाव के साथ उनकी प्रतिमा पर माल्यार्पण किया गया। और पंडित गोपबंधु के आदतों को अपनाने एवं उनके बताए मार्ग पर चलने का संकल्प लिया गया।
मनाई गई उत्कलमणि पंडित गोपबंधु दास 144वीं जयंती
सरायकेला: उड़ीसा के गांधी कहे जाने वाले उत्कलमणि पंडित गोपबंधु दास 144 वीं जयंती श्रद्धा भाव के साथ मनाई गई। ओडिया समाज सरायकेला व उत्कल सम्मेलनी के संयुक्त तत्वाधान में शनिवार को उत्कलमनी पं गोपबन्धु दाश की 144 वीं जयंती मनाई गई। इस अवसर पर नगर पंचायत के अध्यक्षा मिनाक्षी पट्टनायक के नेतृत्व में ओड़िया समाज के सदस्यों ने बारी बारी से श्रद्धा सुमन अर्पित करते हुए उनके आदर्शों की अनुसरण करने का शपथ लिया।
नगर अध्यक्ष मिनाक्षी पट्टनायक ने कहा कि उत्कलमनी गोपबंधु दास ओड़िया जाति का प्राण,ओड़िया दैनिक समाचार पत्र समाज की प्रतिष्ठाता,स्वाधीनता संग्रामी व कवि थे। आज के समय में इस महापुरुष की बताए गए मार्ग पर चलने की आवश्यकता है। तभी हम आगे बढ़ सकते है। मौके पर संध्या कर,रीता दुबे,छबि कर एवं अन्य तथा ओड़िया समाज के राजीव महापात्र,परशुराम कबि,काल्हु महापात्र,रवि सतपथी,दुखुराम साहू,राजा ज्योतिषी,ज्योतिलाल साहू,नीलकंठ सारंगी समेत अन्य उपस्थित थे।
