Spread the love

मां की ममता ने चित्कार कर कहा… बेटे की मौत का हो उच्चस्तरीय सीबीआई जांच, दोषियों को मिले फांसी….

सरायकेला। सरायकेला के लाल 34 वर्षीय रहे स्वर्गीय अमित कुमार मिश्रा की बीते 21 जून को हुई मौत के मामले में नया खुलासा हुआ है। इस संबंध में मृतक अमित की माता मनोरमा मिश्रा और बड़ी बहन नीतू मिश्रा ने जानकारी देते हुए बताया है कि घर के इकलौते बेटे अमित की मौत नॉर्मल नहीं है। बल्कि गहरी साजिश के तहत उसकी हत्या की गई है। उन्होंने बताया है कि ओडिशा में पुलिस अधिकारी डीएसपी के पद पर कार्यरत अमित के मामा के अनुसार 4 महीनों बाद आई मृतक अमित की विसरा रिपोर्ट में उसके शरीर में अमोनियम फास्फेट जहर पाये जाने की बात सामने आई है। इसलिए उन्होंने झारखंड सरकार और छत्तीसगढ़ सरकार से मामले की उच्चस्तरीय सीबीआई जांच कराने की मांग की है। साथ ही अमित के हत्यारों को फांसी की सजा देने की गुहार लगाई है।

Advertisements
Advertisements

छत्तीसगढ़ के चापा में कंपनी क्वार्टर में मिली थी अमित की लाश  :-

छत्तीसगढ़ के चापा स्थित प्रकाश इंडस्ट्रीज में मैकेनिकल इंजीनियर के पद पर वर्ष 2012 से कार्यरत अमित कुमार मिश्रा की लाश बीते 22 जून को उन्हीं के कंपनी क्वार्टर में मिली थी। जिसे स्थानीय पुलिस प्रशासन द्वारा सहजता से हार्ट चॉक होने से मौत होने के बाद कह कर नॉर्मल डेथ बताया गया था।

ऐसे चला था घटना चक्र  :-

स्वर्गीय अमित का विवाह वर्ष 2016 के मार्च महीने में उड़ीसा के बरगढ़ में रानु मिश्रा के साथ हुई थी। जो आईबीएम कंपनी में सॉफ्टवेयर इंजीनियर के रूप में कार्यरत हैं। उन दोनों की एक 4 साल की बेटी भी है। सरायकेला के सम्मानित शिक्षक रहे स्वर्गीय अमित के पिता पुकला मिश्रा का निधन वर्ष 2019 के दिसंबर महीने में हो गया था। इसके बाद पारिवारिक जिम्मेदारियों को निभाते हुए बीते 14 जून को अमित अपने सरायकेला स्थित घर आया था। 7 दिनों तक सरायकेला में रहने के बाद अमित 20 जून को वापस अपने कार्यस्थल चापा लौटा था। 21 जून को कंपनी में ड्यूटी करने के पश्चात रात्रि करीब 10:00 बजे अमित की उसके माता मनोरमा मिश्रा से फोन पर बातचीत हुई थी। जिसमें रात के खाने-पीने के अलावा अमित द्वारा बताया गया था कि अगली सुबह 22 जून को उसे अपनी पत्नी रानू मिश्रा को उसके मायके बरगढ़ से लाने जाना है। इधर उसके कंपनी के 5 साथी फोर्सफुली पार्टी करने के लिए आ रहे हैं। अगली सुबह मां मनोरमा मिश्रा ने फोन कर अमित के ससुराल निकलने की बात जानना चाहा तो अमित का फोन स्वीच्ड अप आया। जिसके बाद अमित की बड़ी दीदी नीतू मिश्रा द्वारा अमित के पड़ोसियों को और मित्रों को इसकी सूचना दी गई। और तब जाकर अमित की मौत होने का खुलासा हुआ। इस संबंध में क्या पहुंचकर अमित की पत्नी रानू मिश्रा द्वारा स्थानीय थाने में गहरी साजिश के तहत हत्या करने का मामला दर्ज कराया गया था।

चिढ़ाते थे कंपनी के दोस्त  :-

कंपनी में कार्य करने के दौरान वर्ष 2018 के जून महीने में अमित के पैर का ऐड़ी कट गया था। जिसके बाद अमित द्वारा कटे हुए भाग की प्लास्टिक सर्जरी कराई गई थी। अमित की बड़ी दीदी के अनुसार इसे लेकर कंपनी के सहकर्मी दोस्त उसे अक्सर चिढ़ाया करते थे कि अब उसे दौड़ भाग के काम नहीं करने पड़ेंगे। और बैठकर सैलरी मिलेगी।

सरायकेला में अमित की मौत पर न्याय को लेकर निकला था कैंडल मार्च :-

अमित की मौत का उच्चस्तरीय जांच की मांग को लेकर बीते 4 जुलाई को सरायकेलावासियों द्वारा कैंडल मार्च निकाला गया था। जिसमें कहां गया था कि परिवार वाले पूरी घटना को हत्या मान रहे हैं, जबकि वहां की लोकल पुलिस प्रशासन मामले को रफा-दफा करने में लगी हुई है।

You missed

जमशेदपुर : झारखंड ह्यूमन राइट्स संघ ने कोल्हान विधि के कुलपति को सौंपा ज्ञापन 

#दरभंगा #दरभंगा #चंपारण #भागलपुर #दहशत #आतंक #दंगा #नक्सल #लूट #संथाली #आदिवासी #हरिजन # पिछड़ी जाती News आरा/छपरा/सिवान/हाज़िपुर उत्तर प्रदेश ऊपर किसान कोडरमा कोयलांचल कोल्हान क्राइम खुटी गढवा गिरीडीह गुमला गोड्डा चतरा चाईबासा चोरी छत्तीसगढ़ जमशेदपुर जरा हटके जामताड़ा झारखण्ड टेक्नोलॉजी डकैती तामिलनाडु/कर्नाटक/केरल/आंध्र प्रदेश/तेलंगाना दरभंगा दिल्ली दुमका देवघर धनबाद नारी उत्पिड़न पंजाब पटना पलामू पश्चिम सिंहभूम पाकुड़ पूर्वी सिंहभूम प्रयागराज प्रशासन - सुरक्षा बल बिज़नेस बिहार बिहार बोकारो भ्रष्टाचार/अराजकता मध्यप्रदेश महाराष्ट्र मुजफ्फरपुर राँची राजनीति राजस्थान राज्य राज्यसभा रामगढ़ लाइफस्टाइल लातेहार लोकसभा लोहरदग्गा विधानसभा शहर शिक्षा व रोजगार शोकाकुल संथाल सरायकेला-खरसावाँ साहिबगंज सिमडेगा सिवान सुर्खियां स्वास्थ्य हजारीबाग हत्या

घाटशिला : लोगों ने श्रद्धांजलि अर्पित किया री-नीट के कारण जान गंवाए परिक्षार्थिओं के लिए…

सरायकेला पुलिस का बड़ा एक्शन: पश्चिम बंगाल के अंतरराज्यीय गिरोह पर शिकंजा, चार आरोपी गिरफ्तार रिर्पोटर – जगबन्धु महतो तकनीकी जांच और गुप्त सूचना से खुला राज, बंगाल के चार शातिर दबोचे; कोर्ट ने भेजा जेल सरायकेला: सरायकेला पुलिस ने एक अंतरराज्यीय गिरोह के खिलाफ बड़ी कार्रवाई करते हुए पश्चिम बंगाल के चार आरोपियों को गिरफ्तार कर न्यायिक हिरासत में भेज दिया है। गुप्त सूचना, तकनीकी अनुसंधान और त्वरित कार्रवाई के दम पर पुलिस ने गिरोह के सदस्यों को धर दबोचा। पुलिस की इस कार्रवाई को जिले में अपराध नियंत्रण की दिशा में अहम सफलता माना जा रहा है। पुलिस के अनुसार, यह कार्रवाई सरायकेला थाना कांड संख्या-59/26 के अनुसंधान के दौरान की गई। मामले में भारतीय न्याय संहिता (BNS) की धारा 303(2), 317(2) एवं 3(5) के तहत प्राथमिकी दर्ज कर जांच की जा रही थी। जांच के दौरान मिले ठोस साक्ष्यों और तकनीकी इनपुट के आधार पर पुलिस टीम ने पश्चिम बंगाल में छापेमारी कर चार आरोपियों को गिरफ्तार किया। गिरफ्तार आरोपियों में मुन्नी मुदलियार, कंका मुदलियार, नारायण मुदलियार और कनक विश्वास शामिल हैं। सभी आरोपी पश्चिम बंगाल के हुगली जिले के बंदेल क्षेत्र के निवासी बताए गए हैं। पुलिस ने बताया कि गिरफ्तारी के बाद सभी आरोपियों की चिकित्सीय जांच कराई गई और कानूनी प्रक्रिया पूरी करते हुए उन्हें न्यायालय में पेश किया गया। अदालत के आदेश पर चारों को न्यायिक हिरासत में जेल भेज दिया गया। पुलिस अधिकारियों का कहना है कि मामले की जांच अभी जारी है। गिरोह के नेटवर्क, संभावित अन्य साथियों और अपराध के पूरे तंत्र की पड़ताल की जा रही है। यदि जांच में अन्य लोगों की संलिप्तता सामने आती है तो उनके विरुद्ध भी सख्त कानूनी कार्रवाई की जाएगी। सरायकेला पुलिस ने स्पष्ट किया कि जिले में सक्रिय या बाहर से आकर अपराध करने वाले गिरोहों के खिलाफ अभियान लगातार जारी रहेगा और कानून व्यवस्था से खिलवाड़ करने वालों को किसी भी कीमत पर बख्शा नहीं जाएगा।