
बहरागोड़ा- किसान आंदोलन के समर्थन में देशव्यापी 5 जून संपूर्ण क्रांति दिवस के अवसर पर ए. आई के एस लोकल कमेटी के द्वारा पार्टी कार्यालय के समक्ष सुबह शनिवार को 11 बजे अपने बैनर तले कोविड-19 की दिशा निर्देश का अनुपालन करते हुए किसान विरोधी तीनों कानून एवं लेबर कोड की प्रतियां जलाई गई। जमकर किसान विरोधी मजदूर विरोधी नरेंद्र मोदी सरकार की खिलाफ नारेबाजी की गई। विदित हो कि आज ही के दिन 1975 को इंदिरा गांधी के तानाशाही के खिलाफ में पूरे देश में संपूर्ण क्रांति का आगाज किया गया था। चुंकि आज भी देश पर तानाशाह बीजेपी की सरकार की राज चल रही है जिसकी गलत नीतियों के कारण किसान, मजदूर सहित आम जनता परेशान है। पेट्रोल डीजल सरसों तेल सहित विभिन्न खाद्य सामग्री की महंगाई चरम पर जा रही है। विगत 6 महीनों से अधिक समय से संयुक्त किसान मोर्चा के द्वारा किसान विरोधी कानूनों के खिलाफ दिल्ली के बॉर्डर पर धरना चलाई जा रही है, इस अवधि में सैकड़ों किसान शहीद हो चुके हैं लेकिन जन विरोधी मोदी सरकार किसानों की मांगों को अनदेखी कर रही है ।किसानों की मुख्य मांगे हैं; तीनों किसान विरोधी कानूनों को वापस लों, फसलों का न्यूनतम समर्थन मूल्य यानी एम एस पी की गारंटी की जाए। इस कार्यक्रम में मुख्य रूप से अखिल भारतीय किसान सभा के पूर्वी सिंहभूम जिला सचिव स्वपन महतो ,चित्तरंजन महतो ,पप्पू दास ,अभिजीत जाना ,श्रीकांत मुंडा, शंकर साऊ ,दिलीप सीट ,गुणधर सीट ,बंकिम महतो उपस्थित थे ।
