
दुमका : उपायुक्त ने क्लस्टर आधारित कृषि मॉडल एवं आजीविका गतिविधियों का जायजा लिया
रिपोर्ट : मौसम गुप्ता

उपायुक्त अभिजीत सिन्हा ने गुरुवार को शिकारीपाड़ा प्रखंड अंतर्गत सोनाढाब पंचायत के अमरापाड़ा गांव का दौरा किया। इस दौरान उन्होंने प्रदान द्वारा संचालित कृषि उत्पादन क्लस्टर तथा क्लस्टर आधारित कृषि प्रणाली के अंतर्गत विकसित आजीविका मॉडल एवं उसके पारिस्थितिकी तंत्र का अवलोकन किया।

उपायुक्त ने किसान फील्ड स्कूल प्रदर्शन प्लॉट तथा बीएचजीवाई योजना के अंतर्गत विकसित 5 एकड़ आम बागान का भी निरीक्षण किया, जहां अंतरवर्ती फसल के रूप में कद्दू की खेती की जा रही है।
उन्होंने प्रदान द्वारा किए जा रहे कार्यों एवं क्लस्टर आधारित कृषि मॉडल की सराहना की। विशेष रूप से आम बागानों में कद्दू की अंतरवर्ती खेती तथा किसानों द्वारा सामूहिक रूप से कद्दू एवं मिर्च की बिक्री किए जाने की पहल की प्रशंसा की। किसानों ने जानकारी दी कि उन्हें कद्दू एवं मिर्च की बिक्री से लगभग 26 हजार रुपये की आय प्राप्त हुई है, जो सामूहिक खेती एवं बाजार से जुड़ाव के सकारात्मक प्रभाव को दर्शाता है।
उपायुक्त ने इन पहलों को और सुदृढ़ करने के उपायों पर भी चर्चा की। किसानों ने मांग रखी कि नजदीकी नदी से खेतों एवं आम बागानों तक वर्षभर सिंचाई सुविधा उपलब्ध कराने हेतु सौर लिफ्ट सिंचाई प्रणाली स्थापित की जाए, ताकि नकदी फसलों की निरंतर खेती सुनिश्चित हो सके।
किसानों की मांग पर उपायुक्त ने प्रखंड तकनीकी प्रबंधक को निर्देश दिया कि किसानों के लिए प्रधानमंत्री कुसुम योजना के अंतर्गत सौर पंप सेट हेतु आवेदन प्रक्रिया को सरल एवं सुगम बनाया जाए, ताकि क्लस्टर आधारित खेती को और मजबूती मिल सके।
कृषि संबंधी विषयों के अतिरिक्त उपायुक्त ने महिला किसानों से संवाद कर विभिन्न सरकारी योजनाओं का लाभ मिलने संबंधी जानकारी भी प्राप्त की। दौरे के दौरान शिकारीपाड़ा प्रखंड विकास पदाधिकारी, अंचल अधिकारी शिकारीपाड़ा उपस्थित रहे। वहीं प्रदान की ओर से विजय कुमार, बिजय कुमार राउल,शुभंकर दास, संताम मजूमदार, शशि रंजन एवं अभय उपस्थित थे।
गांव स्तर पर आयोजित बैठक एवं संवाद कार्यक्रम का संचालन शिबानी सोरेन एवं संतोषिनी मुर्मू द्वारा किया गया। इसके अतिरिक्त मनरेगा, कृषि विभाग एवं पंचायती राज संस्थाओं के प्रतिनिधि भी कार्यक्रम में उपस्थित रहे।
