
90 दिवसीय विधिक जागरूकता अभियान के तहत मोरो गांव में कार्यक्रम आयोजित

Arjun Kumar….✍️
राँची । झारखंड राज्य विधिक सेवा प्राधिकार (झालसा) के निर्देश तथा जिला विधिक सेवा प्राधिकार (डालसा), रांची के मार्गदर्शन में चल रहे 90 दिवसीय विधिक जागरूकता अभियान के तहत शनिवार को ईटकी प्रखंड के मोरो गांव में विधिक जागरूकता कार्यक्रम आयोजित किया गया। कार्यक्रम में एलएडीसी सदस्य वीरेन्द्र प्रताप, पीएलवी शंकर साहू, अजय कुमार गोप, सोनू कुमार साहू, मासूम राजा, राकेश कुमार मिश्रा, पायल कुमारी, गणेश कुमार, चालक राजा वर्मा सहित अन्य लोग उपस्थित थे। इस अवसर पर वीरेन्द्र प्रताप ने झालसा द्वारा संचालित शिशु योजना एवं डॉन योजना की जानकारी देते हुए कहा कि शिशु योजना का उद्देश्य अनाथ एवं संकटग्रस्त बच्चों को संरक्षण प्रदान करना है। कोरोना महामारी अथवा अन्य परिस्थितियों में माता-पिता या परिवार के कमाऊ सदस्य को खो चुके बच्चों को वित्तीय, सामाजिक एवं कानूनी सहायता उपलब्ध कराकर उनके अधिकारों की रक्षा की जाती है। उन्होंने कहा कि ऐसे बच्चों को बाल श्रम, बाल तस्करी और अन्य प्रकार के शोषण से बचाना इस योजना की प्राथमिकता है। पीएलवी गणेश कुमार ने डॉन योजना के बारे में जानकारी देते हुए कहा कि इसका उद्देश्य युवाओं और बच्चों को नशे की लत से दूर रखना तथा जागरूकता के माध्यम से नशामुक्त समाज का निर्माण करना है। उन्होंने अभिभावकों से बच्चों पर विशेष ध्यान देने और उन्हें नशे के दुष्प्रभावों के प्रति जागरूक करने की अपील की। कार्यक्रम के दौरान उपस्थित पीएलवी ने बाल विवाह, बाल श्रम, विधवा पेंशन, वृद्धावस्था पेंशन तथा राज्य सरकार की विभिन्न जनकल्याणकारी योजनाओं की जानकारी दी। साथ ही राष्ट्रीय विधिक सेवा प्राधिकरण के टोल फ्री नंबर 15100 के बारे में भी लोगों को अवगत कराया गया। प्रतिभागियों को आगामी 12 सितंबर 2026 को आयोजित होने वाली राष्ट्रीय लोक अदालत की जानकारी दी गई तथा उसके लाभों से अवगत कराया गया। कार्यक्रम के अंत में ग्रामीणों के बीच जागरूकता संबंधी पंपलेट एवं लिफलेट का वितरण किया गया। जिला विधिक सेवा प्राधिकार, रांची द्वारा संचालित यह अभियान ग्रामीण क्षेत्रों में कानूनी जागरूकता बढ़ाने और जरूरतमंद लोगों तक न्याय एवं सरकारी योजनाओं की पहुंच सुनिश्चित करने की दिशा में महत्वपूर्ण पहल माना जा रहा है।
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