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सड़क निर्माण और डिग्री कॉलेज की मांग को लेकर हुदू राजनगर के ग्रामीणों ने शुरू किया आमरण अनशन…

सरायकेला:संजय मिश्रा

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सरायकेला। कांन्ड्रा से डुमरा, हुदू, कुनामारचा होकर सीनी जानेवाली जर्जर सड़क के निर्माण एंव राजनगर में डिग्री कालेज की मांग को लेकर आंदोलनकारी भाजपा नेता रमेश हांसदा के नेतृत्व में हूदू और राजनगर के ग्रामीण सरायकेला कोर्ट मोड़ से जूलूस की शक्ल में गाजे बाजे के साथ सरायकेला अनुमंडल कार्यालय पहुंचे और उक्त मांगों को लेकर अनिश्चितकालीन आमरण अनशन पर बैठे। भाजपा नेता रमेश हांसदा ने कहा कि जब तक विभाग की ओर से लिखित आश्वासन नहीं मिलेगा हमलोग अनशन पर बैठे रहेंगे।

आमरण अनशन बैठने वालों में मुख्य रूप से रमेश हांसदा, पांडुराम सरदार, मनशा मुर्मू, प्रकाश सरदार, महेश सरदार, लालचंद महतो, रोहिण टूडू, रामू सरदार, कुष्णा टूडू, चिन्मय महतो, जितेन महतो शामिल रहे। कार्यक्रम का संचालन सीताराम हांसदा ने किया। मुख्य रूप से वक्ता के रूप में बीएन सिंह, राजा सिंहदेव, अमित सिंहदेव, हरेकुष्णा प्रधान, बद्रीनारायण दारोघा, सुमित्रा मार्डी, अभिजीत दत्ता, रेशमी साहू, जगदीश महतो, माईकल महतो, रामेश्वर मंडल, पवन महतो, चतूर हैम्ब्रम ने अपने विचार रखे। उन्होंने कहा कि हुदू-डुमरा सड़क निर्माण एवं राजनगर में डिग्री कॉलेज निर्माण की मांग बहूत ही पूरानी है। बहुत ही दुर्भाग्य की बात है कि झारखंड बनने के 23 साल के बाद भी सड़क और उच्च शिक्षा की सुविधाएं सुलभ नहीं है। विगत एक वर्ष से हुदू डुमरा पंचायत क्षेत्र के ग्रामीण अपना सड़क बनाने के लिए आंदोलनरत हैं। एकमात्र सड़क जो कांड्रा से होकर डुमरा होते हुए हुदू, जंगली खास होते हुए सीनी तक जाती है जिसमें लगभग 20000 से ज्यादा की आबादी इस सड़क से प्रभावित होती है।

आज हालत यह है की इस सड़क में किसी गर्भवती महिला को ले जाया जाएगा तो रास्ते में ही प्रसव हो जायेगा। बड़े-बड़े पत्थर सड़कों पर निकल आए हैं। बताया गया कि यहां के ग्रामीणों ने हुदू से जिला मुख्यालय तक पैदल जा करके सरकार को अर्जी दी थी। परंतु अभी तक सड़क बनाने का कोई भी कदम नहीं उठाया गया है। इसलिए अब ग्रामीणों के पास आमरण अनशन के सिवा कोई रास्ता नहीं बचा।

राजनगर प्रखंड में एक लाख से ज्यादा आबादी होने के बावजूद बच्चों के पढ़ाई के लिए एक डिग्री कॉलेज नहीं है। यदि बच्चे इंटर पास कर गए या तो उन्हें जमशेदपुर शहर या फिर चाईबासा के लिए जाना पड़ता है। अधिकतर गरीब बच्चे इंटर करने के बाद पढ़ाई छोड़ देते हैं। अनशन कारियों द्वारा 11 सूत्री मांग किया गया। मौके पर पहुंची पूर्व विधायक अनंतराम टूडू ने समर्थन देते हुए सभा को संबोधित किया।