
नामकुम–लाली मार्ग की जर्जर स्थिति पर ग्रामीणों का आक्रोश, शीघ्र निर्माण नहीं हुआ तो होगा आंदोलन : आरती कुजूर


Arjun Kumar…..✍️
नामकुम(राँची) । प्रखंड के लाली गांव को जोड़ने वाली नामकुम–लाली सड़क की बदहाल स्थिति को लेकर ग्रामीणों में लगातार आक्रोश बढ़ता जा रहा है। सड़क की जर्जर हालत संबंधी खबरें मीडिया एवं सोशल मीडिया में सामने आने के बाद भाजपा नेत्री एवं पूर्व जिला परिषद सदस्य आरती कुजूर ग्रामीणों से मिलने लाली पहुंचीं और सड़क का निरीक्षण किया । ग्रामीणों ने उन्हें बताया कि सड़क पूरी तरह क्षतिग्रस्त हो चुकी है, जिससे आवागमन में भारी परेशानी हो रही है। उन्होंने आरोप लगाया कि जनप्रतिनिधि केवल चुनाव के समय गांव पहुंचते हैं, लेकिन मूलभूत समस्याओं के समाधान की दिशा में कोई ठोस पहल नहीं करते। ग्रामीणों ने कहा कि खराब सड़क के कारण अधिकांश वाहन गांव आने से कतराते हैं और जो आते भी हैं, वे सामान्य से दोगुना किराया वसूलते हैं। स्कूली बच्चों, मरीजों तथा आम लोगों को प्रतिदिन कठिनाइयों का सामना करना पड़ रहा है। ग्रामीणों ने चेतावनी दी कि यदि जल्द सड़क निर्माण शुरू नहीं हुआ तो वे आंदोलन के लिए बाध्य होंगे।
ग्रामीणों की समस्याएं सुनने के बाद आरती कुजूर ने कहा कि सड़क किसी भी क्षेत्र के विकास की आधारशिला होती है। उन्होंने कहा कि पूर्व में भी यह सड़क अत्यंत जर्जर थी, जिसके निर्माण के लिए ग्रामीणों के साथ मिलकर कई बार आंदोलन किया गया था। लगभग 15 वर्ष बाद आज सड़क की स्थिति फिर इतनी खराब हो गई है कि इस पर चलना भी जोखिम भरा हो गया है। ग्रामीणों ने इसे “नरक द्वार” की संज्ञा दी है।
उन्होंने झारखंड सरकार से मांग की कि नामकुम (सिदरोल) से लाली तक सड़क का अविलंब पुनर्निर्माण कराया जाए, अन्यथा ग्रामीणों के साथ मिलकर चरणबद्ध एवं उग्र आंदोलन किया जाएगा । इस दौरान ग्रामीणों ने मुख्यमंत्री ग्राम गाड़ी योजना के तहत रांची से लाली तक बस सेवा शुरू करने की मांग का ज्ञापन भी आरती कुजूर को सौंपा। साथ ही उन्होंने अपनी समस्याओं को सांसद एवं अन्य जनप्रतिनिधियों तक पहुंचाने तथा उन्हें गांव का दौरा कराने का आग्रह किया । मौके पर मनोज महतो, खुशी महतो, प्रभु महतो, सरिता देवी, खुशबू कुमारी, जागेश्वर महतो, रमिता देवी, सुशीला देवी सहित बड़ी संख्या में ग्रामीण उपस्थित थे।

