जमशेदपुर : झारखंड ह्यूमन राइट्स संघ ने कोल्हान विधि के कुलपति को सौंपा ज्ञापन
दीपक नाग …✍️


जमशेदपुर, 27 जुलाई 2026
झारखंड मानवाधिकार संघ के अध्यक्ष दिनेश किनू ने एक प्रेस विज्ञप्ति जारी कर जानकारी दी है कि, कोल्हान विश्वविद्यालय की कुलपति को आज शैक्षणिक सुधार और पारदर्शिता बनाने के लिए सौंपा ज्ञापन ।

झारखंड मानवाधिकार संघ (JHRA) द्वारा कोल्हान विश्वविद्यालय एवं इसके अंतर्गत आने वाले संबद्ध महाविद्यालयों में व्याप्त जनसुविधाओं, शैक्षणिक अव्यवस्थाओं और प्रशासनिक विसंगतियों के सुधार हेतु एक महत्वपूर्ण मांग पत्र (आवेदन) माननीय कुलपति महोदया, कोल्हान विश्वविद्यालय, चाईबासा को सौंपा गया।

संघ के अध्यक्ष दिनेश कुमार शर्मा (किनू) के नेतृत्व में सौंपे गए इस ज्ञापन में छात्रहित, जनहित और शैक्षणिक माहौल में सुधार लाने के लिए निम्नलिखित 7 प्रमुख मांगों पर त्वरित समाधान एवं आवश्यक कार्रवाई की मांग की गई है।
(क) जन सुविधा केंद्रों में एकरूपता एवं उचित दर निर्धारण-
विश्वविद्यालय के अधीन आने वाले कॉलेजों में संचालित जन सुविधा केंद्रों (फोटोस्टेट, फॉर्म बिक्री, चालान, नामांकन शुल्क आदि) में ली जाने वाली दरों में भारी भिन्नता है। छात्रहित में इन दरों का पुनर्निर्धारण कर सभी कॉलेजों में एक समान और किफायती दरें लागू की जाएं।
(ख) मानगो क्षेत्र के छात्रों हेतु शैक्षणिक व्यवस्था –
मानगो एवं इसके आसपास के सुदूरवर्ती ग्रामीण क्षेत्रों के विद्यार्थियों की सुविधा के लिए जमशेदपुर वर्कर्स कॉलेज में पूर्व की भांति सभी संकायों (कला, विज्ञान एवं वाणिज्य) की नियमित पढ़ाई पुनः सुचारू रूप से जारी की जाए।
(ग) व्यावसायिक पाठ्यक्रमों (Vocational Courses) का पुन –
संचालन : जमशेदपुर वर्कर्स कॉलेज में पूर्व से संचालित व्यावसायिक पाठ्यक्रमों जैसे MBA, BBA एवं BCA की पढ़ाई को पुनः बहाल एवं निरंतर जारी रखा जाए।
(घ) दीर्घ अवधि से कार्यरत शिक्षकों व कर्मचारियों का स्थानांतरण –
अंगीभूत महाविद्यालयों में लगातार 5 वर्षों से अधिक समय से कार्यरत शिक्षकों एवं शिक्षाकेतर कर्मचारियों का नियमानुसार अन्य कॉलेजों में स्थानांतरण किया जाए।
(ज्ञ) डेपुटेशन (प्रतिनियुक्ति) समाप्त करना – विश्वविद्यालय मुख्यालय में 3 वर्षों से अधिक समय से प्रतिनियुक्त (Deputation) शिक्षकों एवं कर्मचारियों को तत्काल उनके मूल महाविद्यालय में वापस भेजा जाए तथा रिक्त पदों पर नई नियुक्ति प्रक्रिया शुरू की जाए।
(च) आवासीय सुविधा एवं परिसंपत्तियों का सही उपयोग-
मुख्यालय में कार्यरत शिक्षकों/कर्मचारियों के लिए परिसर में ही अनिवार्य रूप से आवासीय व्यवस्था की जाए। साथ ही विश्वविद्यालय के एम्बुलेंस एवं अन्य वाहनों का उपयोग उसी मूल उद्देश्य के पूर्ति हेतु सुनिश्चित किया जाए।
(छ) जमशेदपुर स्थित शाखा कार्यालय का नियमित संचालन –
जमशेदपुर में स्थापित शाखा कार्यालय को नियमित एवं अत्यधिक अधिकारों के साथ चलाया जाए ताकि विद्यार्थियों को छोटे-छोटे कार्यों के लिए चाईबासा विश्वविद्यालय न जाना पड़े। इससे छात्रों के समय और धन की बचत होगी तथा विश्वविद्यालय पर भी अनावश्यक बोझ कम हो सके।
झारखंड मानवाधिकार संघ ने विश्वविद्यालय प्रशासन से अपील की है कि छात्रों के भविष्य, शैक्षणिक गरिमा और प्रशासनिक पारदर्शिता को ध्यान में रखते हुए इन सभी मांगों पर सहानुभूतिपूर्वक विचार कर जल्द से जल्द सकारात्मक दिशा-निर्देश जारी किए जाएं। इस दौरान प्रतिनिधि मंडल में रंजीत सिंह, राम कुमार महतो साथ थें।
