
एसबीयू में राष्ट्रीय कार्यशाला का हुआ समापन

Arjun Kumar Pramanik……✍️
नामकुम(राँची) । सरला बिरला विश्वविद्यालय में ‘चरित्र निर्माण एवं व्यक्तित्व के समग्र विकास’ पर आधारित दो दिवसीय कार्यशाला का आज समापन हुआ। इस अवसर पर संस्कृति संवर्धन प्रतिष्ठानम, नई दिल्ली के डॉ. चांद किरण सलूजा ने आनंदमय कोश के संदर्भ में अपना व्याख्यान देते हुए कहा कि अपनी शक्ति और ऊर्जा को जानना ही आनंदमय कोश है। उन्होंने सत्य के मूल एवं प्रार्थना को इस कोश से जोड़ा। उदाहरण देते हुए उन्होंने कहा कि जब जीवन अनुशासित होता है, तब यह संगीत बन जाता है और इससे आनंद की अनुभूति होती है। दूसरी ओर, जब यह अनुशासित नहीं होता, तब यह शोर बन जाता है। वास्तव में मौन रहकर भी हम आनंद को महसूस कर सकते हैं। हर प्रकार से प्रसन्न होकर समग्रता की प्राप्ति ही आनंद है। शिक्षा नीति पर बोलते हुए डॉ. सलूजा ने कहा कि इसका प्रथम सिद्धांत ही बच्चों को पहले देखना, उनके स्वभाव को समझना और उसे विकसित करना है। जिनके आचरण को विद्यार्थी अपना गुण बना लेते हैं वही आचार्य होता है। अध्ययन की कला विद्यार्थी के चेहरे को पढ़ने और उसके भावों को समझने की कला है। उन्होंने अनुभवात्मक शिक्षा और पठन-पाठन के लिए परिवेश तैयार करने की आवश्यकता की भी बात कही। एमएमटीसी, बिहार यूनिवर्सिटी के संयुक्त निदेशक सह एसएसयूएन के संयुक्त संयोजक डॉ. राजेश्वर पराशर ने पंचकोश की चर्चा करते हुए कहा कि इनकी संकल्पना तब तक व्यावहारिक रूप में न लायी जाए, तब तक आनंदमय कोश तक पहुंच बना पाना संभव नहीं। आज मानवीय मूल्यों के ह्रास होने की स्थिति में विश्व भारत की ओर देख रहा है, इसीलिए पंचकोश का संदर्भ लिया जाना जरूरी है। संवेदनाशून्य होते जा रहे मनुष्य में संवेदनात्मक प्रबंधन पंचकोश के माध्यम से किया जाना चाहिए।प्रेजेंटेशन सत्र में विभिन्न समूहों ने कोश संबंधित सारांश प्रस्तुत किया। डीन डॉ. नीलिमा पाठक ने कार्यशाला के समापन पर आयोजित विभिन्न सत्रों का सार प्रस्तुत किया। धन्यवाद ज्ञापन डीन प्रो. विजय कुमार सिंह ने दिया। इस अवसर पर सरला बिरला विश्वविद्यालय के महानिदेशक प्रो गोपाल पाठक, कुलपति प्रो सी जगनाथन, कुलसचिव प्रो श्रीधर डांडिन, डॉ. सुबानी बाड़ा, विवि के शिक्षकगणों एवं विभिन्न विश्वविद्यालयों से आए प्रतिनिधियों के साथ उपस्थित रहे। इस कार्यशाला के सफल आयोजन पर एसबीयू के प्रतिकुलाधिपति बिजय कुमार दलान एवं माननीय राज्यसभा सांसद डॉ प्रदीप कुमार वर्मा ने आयोजक मंडली के सदस्यों को शुभकामना संदेश प्रेषित किया है।

