
घाटशिला : शहीद दिलिप बेसरा के 21वीं शहादत दिवस पूर्व और अर्धसैनिकों ने मनाया
दीपक नाग… ✍🏾

शहीद दिलिप बेसरा के 21वीं शहादत दिवस में दिलीप बेसरा चौक गोपालपुर ओवरब्रिज में उनकी आदम कद प्रतिमा पर पूर्व सैनिक/अर्धसैनिक सेवा परिषद घाटशिला के द्वारा सैन्य परंपरा के तहत मनाया। आदम कद प्रतिमा में माल्यार्पण और राष्ट्रगीत गाकर सलामी दी गई।
इस कार्यक्रम में मुख्य रूप से शौर्य चक्र से सम्मानित वारंट ऑफिसर मो जावेद, वीर नारी सुनीता त्यागी, पूनम कूड़ादा, सार्जेंट रजनीश पांडे, सार्जेंट सनत कुमार बेरा, सुबेदार-मेजर लुगु बास्के , नायब सूबेदार सुशीला मुर्मू, हवलदार गणेश मुर्मू, हवलदार दिलिप हांसदा, पेटी ऑफिसर गौरांग पातर टुडू, हवलदार मनोहर समद, पांचु राम मुर्मू, ASI रतन मुर्मू, अशोक महाकुड़, रंजीत दत्ता और शहीद की माता-पिता फुलमनी बेसरा और सिंगरई बेसरा मुख्य रूप से उपस्थित थे।
शौर्य चक्र विजेता मो जावेद ने कहा आज के परिपेक्ष्य में एक शहीद परिवार को मौखिक सम्मान तो पूरी व्यस्था देती है मगर जमीनी हकीकत कुछ और ही है। शहीद के परिवार को जो केंद्र और राज्य सरकार द्वारा सुविधाएं दी जाती है उसके लिए परिवारजन ऑफिस के चक्कर लगा कर थक जातें हैं। दुखद बात तो ये है कि, स्वतंत्रता दिवस और गणतंत्र दिवस में मैने शहीद के माता को दर्शकों की भीड़ में खड़े होकर परेड और झांकी देखते हुए देखा है। जरा सोचिए जिसके अपने लाडले को इस वतन की रक्षा के कारण अपने प्राणों की आहुति दी वो मूकदर्शक बहुत पीड़ा दायक है। मेरा अनुरोध होगा कि सरकार ऐसी व्यस्था करे कि शहीद परिवार और राष्ट्रीय वीरता पुरस्कार से सम्मानित, सैनिकों को जिला स्तरीय झंडारोहण/ झंडातोलन कार्यक्रमों में बुलाया जाए और प्रशासनिक संवेदनशीलता ऐसे परिवारों के प्रति अवश्य रहें।
