गम्हरिया पहुंचा ‘न्याय रथ’, ग्रामीणों को मिली कानून, लोक अदालत और निःशुल्क विधिक सहायता की जानकारी


रिर्पोटर – जगबंधु महतो
जिला विधिक सेवा प्राधिकार का जागरूकता अभियान तेज, बाल विवाह, डायन प्रथा व पोक्सो एक्ट पर बांटी गई जानकारी
गम्हरिया: जिला विधिक सेवा प्राधिकार, सरायकेला-खरसावां के सचिव श्री तौसीफ मिराज के निर्देशानुसार विधिक जागरूकता अभियान के तहत शुक्रवार को “न्याय रथ” गम्हरिया प्रखंड कार्यालय स्थित विधिक सहायता केंद्र पहुंचा। इस अवसर पर आम लोगों को विभिन्न कानूनी अधिकारों, निःशुल्क विधिक सहायता तथा जिला विधिक सेवा प्राधिकार द्वारा संचालित जनकल्याणकारी योजनाओं की विस्तृत जानकारी दी गई।
कार्यक्रम में उपस्थित सहायक एल.ए.डी.सी. अंबिका चरण पाणी ने लोगों को बताया कि आर्थिक रूप से कमजोर, जरूरतमंद एवं पात्र नागरिकों को जिला विधिक सेवा प्राधिकार के माध्यम से निःशुल्क कानूनी सहायता उपलब्ध कराई जाती है। उन्होंने स्थायी लोक अदालत की सेवाओं, वैकल्पिक विवाद निस्तारण की प्रक्रिया तथा न्याय तक आसान पहुंच सुनिश्चित करने के लिए प्राधिकार की विभिन्न योजनाओं की जानकारी भी साझा की।
इस दौरान ग्रामीणों एवं उपस्थित लोगों के बीच बाल विवाह, डायन प्रथा उन्मूलन तथा पोक्सो एक्ट से संबंधित जागरूकता बुकलेट का निःशुल्क वितरण किया गया। वक्ताओं ने कहा कि समाज में व्याप्त कुरीतियों और अपराधों के विरुद्ध जागरूकता ही सबसे बड़ा हथियार है। लोगों से अपील की गई कि किसी भी कानूनी समस्या या अधिकारों के हनन की स्थिति में जिला विधिक सेवा प्राधिकार से संपर्क कर निःशुल्क विधिक सहायता का लाभ उठाएं।
कार्यक्रम में पी.एल.वी. संजीव कुमार महतो भी उपस्थित रहे। उन्होंने भी ग्रामीणों को विधिक सहायता केंद्र की उपयोगिता और समय-समय पर आयोजित होने वाले जागरूकता कार्यक्रमों की जानकारी देते हुए अधिक से अधिक लोगों से इसका लाभ लेने का आह्वान किया।

