
जमशेदपुर : जुगसलाई थाना में सैनिक की पिटाई और जेल भेजने का मामला गरमाया, रक्षा मंत्रालय ने लिया संज्ञान…
दीप पाल …✍️

जमशेदपुर : जुगसलाई थाना में एक सैनिक की कथित पिटाई और फिर उसे जेल भेजने की घटना ने बड़ा रूप ले लिया है। इस मामले को लेकर पूरे क्षेत्र में आक्रोश है, वहीं पूर्व सैनिक संगठनों ने भी इस पर तीखी प्रतिक्रिया दी है। इस मुद्दे को लेकर अब केंद्रीय रक्षा मंत्री राजनाथ सिंह और केंद्रीय रक्षा राज्य मंत्री संजय सेठ ने भी संज्ञान लिया है। उन्होंने मामले की गंभीरता को देखते हुए जांच के आदेश दिए हैं।
सेना के अधिकारी पहुंचे जमशेदपुर, डीसी से की मुलाकात
रक्षा मंत्रालय के निर्देश पर रांची से सेना के वरिष्ठ अधिकारी सोमवार को जमशेदपुर पहुंचे। उन्होंने डीसी ऑफिस में जिला प्रशासन के अधिकारियों से मुलाकात की और सैनिक के साथ हुई घटना पर अपनी कड़ी आपत्ति दर्ज कराई। सेना के अधिकारियों ने कहा कि इस तरह की घटनाएं अस्वीकार्य हैं और यदि दोषियों पर सख्त कार्रवाई नहीं हुई, तो इसे उच्च स्तर तक ले जाया जाएगा।
झारखंड पुलिस ने दिए उच्चस्तरीय जांच के आदेश
इस मामले की संवेदनशीलता को देखते हुए झारखंड पुलिस मुख्यालय ने भी जांच के आदेश जारी कर दिए हैं। कोल्हान के डीआईजी मनोज चोथे खुद जांच के लिए जमशेदपुर पहुंचे और जुगसलाई थाना में सीनियर एसएसपी किशोर कौशल और सिटी एसपी शिवाशीष की मौजूदगी में जांच प्रक्रिया शुरू की। इस दौरान थानेदार सहित अन्य पुलिस अधिकारियों की भूमिका की गहनता से जांच की जा रही है।
पूर्व सैनिकों का विरोध, बढ़ा प्रशासन पर दबाव
इस घटना के बाद पूर्व सैनिकों और स्थानीय नागरिकों में जबरदस्त आक्रोश है। पूर्व सैनिक संगठन इस मुद्दे को लेकर लगातार विरोध प्रदर्शन कर रहे हैं और दोषी पुलिसकर्मियों पर तत्काल कार्रवाई की मांग कर रहे हैं। प्रदर्शनकारियों का कहना है कि अगर जल्द न्याय नहीं मिला, तो वे इस आंदोलन को और तेज करेंगे।
मामला पहुंचा उच्च स्तर पर
फिलहाल, यह मामला पूरी तरह से उच्च स्तरीय बन चुका है और प्रशासन पर दबाव लगातार बढ़ रहा है। सेना के अधिकारियों के हस्तक्षेप के बाद अब पुलिस भी इस मामले में कार्रवाई करने के लिए मजबूर हो सकती है। डीआईजी कोल्हान ने आश्वासन दिया है कि जांच निष्पक्ष होगी और दोषियों पर उचित कार्रवाई की जाएगी। अब देखना यह होगा कि इस मामले में दोषी अधिकारियों पर कब तक और क्या कार्रवाई होती है।
