Advertisements
Spread the love

PM-USHA उद्घाटन समारोह में प्रोटोकॉल उल्लंघन का आरोप, केंद्रीय मंत्री संजय सेठ को नहीं मिला न्योता

Advertisements

झारखंड के सरायकेला-खरसावां जिले में जहां प्रधानमंत्री उच्चतर शिक्षा अभियान यानी PM-USHA के तहत आयोजित उद्घाटन समारोह पर अब विवाद खड़ा हो गया है। भारतीय जनता पार्टी के जिला अध्यक्ष हरे कृष्णा प्रधान ने गंभीर आरोप लगाते हुए कहा है कि चांडिल स्थित सिंहभूम कॉलेज में बने दो मंजिला भवन के उद्घाटन समारोह में केंद्रीय रक्षा राज्य मंत्री और रांची के सांसद संजय सेठ को आमंत्रित नहीं किया गया।उन्होंने इसे न केवल केंद्रीय मंत्री का अपमान बताया, बल्कि सरकारी प्रोटोकॉल का खुला उल्लंघन भी करार दिया है।हरे कृष्णा प्रधान ने कहा कि यह योजना भारत सरकार द्वारा प्रायोजित है, इसके बावजूद कार्यक्रम के मंच पर लगाए गए पोस्टर में प्रधानमंत्री की तस्वीर और स्थानीय सांसद सह केंद्रीय मंत्री संजय सेठ के नाम का कहीं उल्लेख नहीं किया गया।उन्होंने आगे कहा कि झारखंड सरकार के शिलान्यास और उद्घाटन से जुड़े नियमों के अनुसार, किसी भी केंद्रीय प्रायोजित योजना के कार्यक्रम में केंद्रीय मंत्री और स्थानीय सांसद को अनिवार्य रूप से आमंत्रित किया जाना चाहिए। साथ ही मंच के पोस्टर पर प्रधानमंत्री की तस्वीर और संबंधित जनप्रतिनिधियों के नाम भी प्रमुखता से होने चाहिए थे।इतना ही नहीं, उन्होंने यह भी सवाल उठाया कि जब वर्ष 2023 से राष्ट्रीय उच्चतर शिक्षा अभियान यानी RUSA का नाम बदलकर PM-USHA कर दिया गया है, तो फिर कार्यक्रम के पोस्टर में पुराने नाम का इस्तेमाल क्यों किया गया।बीजेपी जिला अध्यक्ष ने इस पूरे मामले को सिंहभूम कॉलेज प्रशासन, कोल्हन यूनिवर्सिटी और PM-USHA के अधिकारियों की घोर लापरवाही बताते हुए जांच की मांग की है।
उन्होंने कहा कि इस मामले को केंद्रीय शिक्षा मंत्री धर्मेंद्र प्रधान के समक्ष उठाया जाएगा और दोषियों पर सख्त कार्रवाई की मांग की जाएगी।अब देखना होगा कि इस पूरे मामले पर प्रशासन क्या जवाब देता है और क्या वाकई प्रोटोकॉल का उल्लंघन हुआ है या नहीं।फिलहाल इस विवाद ने राजनीतिक माहौल को गर्म कर दिया है, और सभी की नजरें अब  कार्रवाई पर टिकी हुई हैं।

You missed