
गोला प्रखंड के नावाडीह पंचायत में मॉडल आंगनवाड़ी केंद्र का हुआ उद्घाटन, विधायक सुनीता चौधरी एवं उपायुक्त माधवी मिश्रा द्वारा संयुक्त रूप से मॉडल आंगनवाड़ी केंद्र का उद्घाटन….
रामगढ़ ब्यूरो (इन्द्रजीत कुमार)

रामगढ़ जिला अंतर्गत गोला प्रखंड के नावाडीह पंचायत में डीएमएफटी मद से नवनिर्मित मॉडल आंगनवाड़ी केंद्र का उद्घाटन किया गया। इस दौरान विधायक रामगढ़ सुनीता चौधरी एवं उपायुक्त रामगढ़ माधवी मिश्रा ने संयुक्त रूप से मॉडल आंगनवाड़ी केंद्र का उद्घाटन किया। मौके पर विधायक सुनीता चौधरी, उपायुक्त सुश्री माधवी मिश्रा, अध्यक्ष जिला परिषद सुधा देवी, उप विकास आयुक्त नागेंद्र कुमार सिन्हा, जिला परिषद सदस्यों अन्य जनप्रतिनिधियों आदि के द्वारा बच्चों के बीच पठन सामग्रियों का वितरण किया गया। कार्यक्रम के दौरान विधायक रामगढ़ सुनीता चौधरी ने डीएमएफटी के तहत गोला प्रखंड के नावाडीह पंचायत में नवनिर्मित मॉडल आंगनवाड़ी केंद्र का संचालन शुरू होने पर सभी लोगों को शुभकामनाएं देते हुए कार्यों की सराहना की…
वहीं उन्होंने कहा कि मॉडल आंगनवाड़ी केंद्रों के माध्यम से ना केवल बच्चों, गर्भवती महिलाओं आदि को बेहतर सुविधाएं मिलेंगी बल्कि रामगढ़ जिले के विकास में भी इससे गति आएगी। इस दौरान उपायुक्त रामगढ़ माधवी मिश्रा ने कहा की रामगढ़ जिले में 1000 से अधिक आंगनवाड़ी केंद्र संचालित हैं। लेकिन लगभग 50% आंगनवाड़ी केंद्रों का संचालन अस्थाई भवनों अथवा किराए के भवनों में हो रहा है। इसी को ध्यान में रखते हुए डीएमएफटी के माध्यम से जिले में योजनाबद्ध तरीके से आंगनवाड़ी केंद्रों के निर्माण का निर्णय लिया गया। प्रथम चरण में जिले के अलग-अलग प्रखंडों में कुल 14 आंगनबाड़ी केंद्रों का निर्माण कराया जा रहा है। इसी क्रम में आज डीएमएफटी के तहत नवनिर्मित मॉडल आंगनवाड़ी केंद्र का उद्घाटन गोला प्रखंड के नावाडीह पंचायत में किया गया है। इसके साथ ही उपायुक्त ने कहा कि शेष निर्माणाधीन मॉडल आंगनवाड़ी केंद्रों का भी निर्माण कार्य अंतिम चरण में है एवं अधिकारियों को जल्द से जल्द मॉडल आंगनवाड़ी केंद्रों का संचालन शुरू करने का निर्देश दिया गया है। विगत लगभग डेढ़ वर्षों में समाज कल्याण के क्षेत्र में जिला प्रशासन रामगढ़ द्वारा किए गए।

कुल 14 नए मॉडल आंगनबाड़ी केंद्रों का कराया जा रहा है निर्माण, आधुनिक तरीके से होगी बच्चों के जीवन की शुरुआत
बच्चों को जीवन के शुरुआत से ही विकास की दिशा में आगे बढ़ाने के मद्देनजर जिला प्रशासन रामगढ़ द्वारा डीएमएफटी के माध्यम से अलग-अलग प्रखंडों में कुल 14 नए मॉडल आंगनबाड़ी केंद्रों का निर्माण कराया जा रहा है। गोला प्रखंड के नावाडीह पंचायत में मॉडल आंगनवाड़ी केंद्र का निर्माण कार्य पूर्ण होने के उपरांत बुधवार से केंद्र का संचालन शुरू हो गया वहीं शेष मॉडल आंगनवाड़ी केंद्रों का कार्य अंतिम चरण में है एवं जल्द ही महिलाओं व बच्चों के लिए उपलब्ध होगा। आंगनबाड़ी केंद्र वर्तमान समय की जरूरतों के हिसाब से तमाम सुविधाओं से युक्त होंगे।
बच्चों व महिलाओं के विकास एवं उन्हें मूलभूत सुविधाएं उपलब्ध कराने के उद्देश्य से रामगढ़ जिले में संचालित आंगनवाड़ी केंद्रों में जिला प्रशासन की पहल से 28 वर्षों के बाद विभिन्न बर्तन उपलब्ध कराए जाएंगे। जिला समाज कल्याण पदाधिकारी श्रीमती कनक कुमारी तिर्की द्वारा आंगनबाड़ी केंद्रों में बर्तनों की आवश्यकता को उपायुक्त के संज्ञान में लाने के उपरांत जिला प्रशासन रामगढ़ द्वारा डीएमएफटी के माध्यम से केंद्रों में बर्तन उपलब्ध कराने हेतु डीएमएफटी के न्यास परिषद की बैठक के दौरान स्वीकृति दी गई है जिसके तहत आगे की कार्रवाई पूरी कर बच्चों व महिलाओं को इससे लाभान्वित करने हेतु तीव्र गति से कार्य किया जा रहा है। आंगनबाड़ी केंद्रों के बच्चों को ठंड के मौसम में हो रही परेशानियों पर संज्ञान लेते हुए समाज कल्याण विभाग के समन्वय से जिला प्रशासन द्वारा जिले के अलग-अलग प्रखंडों में कुल 44690 बच्चों को चिन्हित कर उन्हें गर्म पोशाक उपलब्ध कराने का कार्य किया गया। कुपोषण को दूर करने के लिए यह बहुत जरूरी है कि आंगनबाड़ी केंद्रों का संचालन सही तरीके से हो और संचालन के लिए सही उपकरणों की आवश्यकता के मद्देनजर उपायुक्त द्वारा डीएमएफटी के तहत जिले के विभिन्न आंगनवाड़ी केंद्रों में आवश्यकता अनुसार स्टेडियोमीटर, इन्फैंटोमीटर, इन्फेंट वेट स्केल उपलब्ध कराए गए और इसी का परिणाम है कि वर्तमान में जिले के विभिन्न क्षेत्रों में सैम व मैम बच्चों के पहचान कार्यों में गति आई है। कुपोषण को जड़ से खत्म करने एवं इस पर कड़ा प्रहार करने के उद्देश्य से जिला प्रशासन रामगढ़ द्वारा विशेष योजना बनाई गई है
जिसके तहत जिले में एक अत्याधुनिक एमटीसी वाहन संचालित होगा। खास बात यह होगी कि यह वाहन चिकित्सक दल सहित अन्य सुविधाओं से युक्त होगा एवं जिस भी क्षेत्र में वाहन जाएगा वहां लगभग 15 दिनों तक शिविर आयोजित कर कुपोषित बच्चों की पहचान करेगा एवं उन्हें पोषाहार व दवाइयां उपलब्ध कराने का कार्य करेगा। न्यास परिषद से अनुमोदन के उपरांत उपायुक्त रामगढ़ सुश्री माधवी मिश्रा के द्वारा इस योजना को धरातल पर उतारने की दिशा में तीव्र गति से हो रहे कार्यों की लगातार समीक्षा की जा रही है। कुपोषण को खत्म करने की दिशा में स्पिरिलुना चिक्की के महत्व को संज्ञान में लेते हुए जिला प्रशासन रामगढ़ के द्वारा जिले के प्रत्येक योग्य बच्चे तक इसे पहुंचाने हेतु विशेष कार्य किया गया है।
डीएमएफटी के तहत न्यास परिषद से इस संबंध में आंगनबाड़ी केंद्रों एवं कुपोषित बच्चों के लिए इसका अनुमोदन दिया गया है। शहरी क्षेत्र में पड़ने वाले आंगनवाड़ी केंद्रों में बच्चों की सुरक्षा के मद्देनजर उपायुक्त रामगढ़ सुश्री माधवी मिश्रा के निर्देश पर जिला प्रशासन, रामगढ़ द्वारा अलग-अलग क्षेत्रों में कुल 205 वैसे आंगनबाड़ी केंद्र जिनमें चारदिवारी नहीं है की पहचान की गई। इसके लिए डीएमएफटी के तहत न्यास परिषद द्वारा प्राथमिकता के आधार पर विभिन्न चरणों में आंगनवाड़ी केंद्रों के चारदीवारी का कार्य पूर्ण करने हेतु अनुमोदन दिया गया है वही इसके तहत हो रहे कार्यों की उपायुक्त के द्वारा नियमित समीक्षा की जा रही है।

